भोपाल के सुभाष स्कूल में शनिवार को हुए राज्य स्तरीय कार्यक्रम में प्रदेश के 7,400 से अधिक मेधावी विद्यार्थियों को स्कूटी दी गई। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि यह सुविधा विद्यार्थियों के आवागमन को आसान बनाने के साथ उनकी मेहनत और उपलब्धि का सम्मान है।
किन विद्यार्थियों को मिला योजना का लाभ
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के लिए विद्यार्थी का शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल में पढ़ना जरूरी है। लाभ पाने के लिए कक्षा 12वीं में प्रथम प्रयास में 70 प्रतिशत या उससे अधिक अंक हासिल कर अपने स्कूल में पहला स्थान प्राप्त करना होता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आर्थिक कठिनाई या संसाधनों की कमी से प्रतिभावान विद्यार्थियों की प्रगति नहीं रुकनी चाहिए। उनके अनुसार सरकार विद्यार्थियों को निशुल्क किताबें, गणवेश और साइकिलें भी उपलब्ध करा रही है।
स्कूल शिक्षा के लिए 38 हजार करोड़ का प्रावधान
मुख्यमंत्री के मुताबिक वर्ष 2025-26 के 4 लाख 38 हजार करोड़ रुपये के राज्य बजट में स्कूल शिक्षा के लिए 38 हजार करोड़ रुपये रखे गए हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2002-03 में स्कूल शिक्षा विभाग का बजट 2,600 करोड़ रुपये था।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में सुविधायुक्त सांदीपनि विद्यालय खोले जा रहे हैं, जहां आधुनिक सुविधाओं और गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई पर ध्यान दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि बोर्ड परीक्षाओं की मेरिट सूची में 50 प्रतिशत विद्यार्थी सांदीपनि और अन्य शासकीय स्कूलों से आ रहे हैं।
कॉलेज आने-जाने में मिलेगी सुविधा
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री से अपने करियर लक्ष्यों पर बात की। टॉपर खुशी राय ने बताया कि स्कूटी से कॉलेज आने-जाने में सुविधा होगी और वह चार्टर्ड अकाउंटेंट बनने की तैयारी कर रही हैं; अन्य विद्यार्थियों ने कृषि स्टार्टअप, चिकित्सा, कानून और सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग के क्षेत्र में आगे बढ़ने की इच्छा जताई।



