नरसिंहपुर जिले में मिशन एड्स सुरक्षा के बाकी 95 लक्ष्यों को तय समय-सीमा में पूरा करने पर प्रशासन ने जोर दिया है। कलेक्टर रजनी सिंह ने पात्र मरीजों को समय पर एचआईवी जांच और उपचार से जोड़ने तथा जागरूकता गतिविधियों का दायरा बढ़ाने के निर्देश दिए।
जांच के लिए एआरटी सेंटर तक पहुंचाने की व्यवस्था
जिन मरीजों का वायरल लोड टेस्ट होना है, उन्हें जल्द एआरटी सेंटर भेजकर जांच कराने को कहा गया है। सेंटर तक जाने में असमर्थ मरीजों को जरूरत के अनुसार शासकीय वाहन या 108 एम्बुलेंस उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।
ये निर्देश मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में हुई जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में दिए गए। बैठक में 12 अगस्त से 12 अक्टूबर 2026 तक चलने वाले एड्स सघन जागरूकता अभियान की प्रगति की समीक्षा की गई।
स्कूलों से घर-घर अभियान तक पहुंच
जिला एड्स नियंत्रण के नोडल अधिकारी डॉ. देवेंद्र रिपुदमन सिंह ने बताया कि अब तक 92 स्कूलों, 16 ग्राम सभाओं, 29 वीएचएनडी और पांच महाविद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रम एवं स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जा चुके हैं। जिले में 384 डोर-टू-डोर गतिविधियां भी की गई हैं।
महिला एवं बाल विकास विभाग के समन्वय से आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित करने को कहा गया है। सीएचओ और आशा कार्यकर्ताओं को भी अभियान से सक्रिय रूप से जोड़ने के निर्देश दिए गए।
महाविद्यालयों और हाई रिस्क क्षेत्रों पर जोर
युवाओं के माध्यम से जागरूकता बढ़ाने और महाविद्यालयों में विशेष कार्यक्रम करने की योजना है। औद्योगिक एवं हाई रिस्क क्षेत्रों में अधिक जागरूकता कार्यक्रम और स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने के साथ दूसरे स्वास्थ्य एवं जनकल्याणकारी शिविरों में भी एचआईवी-एड्स संबंधी गतिविधियां शामिल करने को कहा गया है।
एचआईएमएस में एचआईवी और सिफलिस से जुड़ी जानकारी की नियमित निगरानी तथा जरूरत के अनुसार मैदानी अमले के प्रशिक्षण के निर्देश दिए गए। अभियान की अवधि 12 अक्टूबर तक है और संबंधित अधिकारियों को इस दौरान शेष लक्ष्यों पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करनी है।



